मुजफ्फरनगर। लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा ए टू जैड रोड स्थित बजरंगी विहार कॉलोनी में चार दिनों से श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सोमवार को पर्व के तीसरे दिन श्रद्धालुओं ने परंपरागत रीति से भगवान भास्कर और छठी मैया को अर्घ्य अर्पित किया।
व्रतियों ने मिट्टी के चूल्हों पर देशी घी, गुड़ और आटे से बने ठेकुआ सहित पारंपरिक प्रसाद तैयार किया। बांस की सुप में केला, सेब, संतरा, अनार, शरीफा, गागल, सुपनी आदि फलों को सजाकर श्रद्धालु घाट पर पहुंचे। सूर्य अस्त के समय व्रतियों ने छठी मैया के लोकगीतों की मधुर धुनों के साथ पूजा-अर्चना कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और संतान की दीर्घायु की कामना की। धार्मिक मान्यता के अनुसार छठ पर्व की परंपरा भगवान श्रीराम और माता सीता के अयोध्या लौटने के बाद आरंभ हुई थी। कहा जाता है कि मुद्गल ऋषि के आदेशानुसार माता सीता ने कार्तिक मास की षष्ठी तिथि को भगवान सूर्य की उपासना की और छठे दिन अस्ताचलगामी सूर्य को तथा सातवें दिन उगते सूर्य को अर्घ्य देकर व्रत का समापन किया। तभी से यह पर्व सूर्य उपासना के प्रतीक के रूप में मनाया जाने लगा। इस अवसर पर मुजफ्फरनगर पुलिस प्रशासन की ओर से क्षेत्राधिकारी नई मंडी राजकुमार साव एवं थानाध्यक्ष नई मंडी बृजेश शर्मा सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने हेतु उपस्थित रहे।







