मुजफ्फरनगर। लगातार तीन दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश ने जिले में आफत मचा दी है। चरथावल क्षेत्र के गांव रोनी हरजीपुर में देर रात बारिश के चलते एक मकान अचानक धराशाई हो गयाए जिसमें पूरा परिवार मलबे के नीचे दब गया। ग्रामीणों ने किसी तरह रात में ही मलबा हटाकर परिवार को बाहर निकाला? लेकिन तीन लोगों की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। जबकि बुढाना के डूंगर गांव में एक कच्चा मकान धराशायी हो गया।
रोनी हरजीपुर गांव निवासी अनुज पुत्र स्वर्गीय रमेश पवार अपने परिवार के साथ मकान में सो रहे थे। देर रात तेज बारिश के कारण पूरा मकान गिर पड़ा। हादसे में अनुजए उनकी पत्नी मनसा और दो बच्चे आर्यन व हर्षित मलबे में दब गए। ग्रामीणों की मदद से सभी को बाहर निकाला गया। मनसा और दोनों बच्चों की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें मेरठ आनंद हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया हैए जहां उनका इलाज जारी है। हादसे में दो पशुओं की मौत भी हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही भाकियू नेता विकास शर्मा मौके पर पहुंचे और दूरभाष के जरिए अधिकारियों को घटना से अवगत कराया। अचानक हुए इस हादसे से पूरा गांव सदमे में है।
उधर बुधवार को बुढ़ाना तहसील के गांव डूंगर में एक कच्चे मकान की छत अचानक भरभराकर गिर गई। हादसे से गांव में हड़कंप मच गया।
ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए मकान में मौजूद परिवार को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। बताया गया कि मकान एक विधवा महिला का था। छत गिरने की सूचना ग्रामीणों ने तत्काल एसडीएम बुढ़ाना को दी। गांव वालों का कहना है कि लगातार भारी बारिश के कारण कच्चे मकान जर्जर हो चुके हैं और इस तरह की घटनाओं की आशंका बनी हुई है। ग्रामीण प्रशासन से प्रभावित परिवार को तत्काल सहायता और मुआवजा दिलाने की मांग कर रहे हैं।






