मुजफ्फरनगर। जिलाधिकारी कार्यालय पर ग्राम खेड़ी सराय, तहसील जानसठ निवासी वृद्ध एवं कमजोर विधवा महिला बिलकिश ने अपने परिवार की सुरक्षा और भूमि विवाद के निस्तारण को लेकर जिलाधिकारी से न्याय की गुहार लगाई है।
पीड़िता ने बताया कि उसका खेत खसरा संख्या 430 ग्राम खेड़ी सराय में स्थित है, जिसके पास ही युसुफ पुत्र जहूर अली निवासी उसी गांव का खसरा संख्या 427 स्थित है। पीड़िता ने अपने खेत पर आने-जाने के लिए अपनी निजी चकरोड छोड़ी हुई है, जबकि आरोपी युसुफ द्वारा अपने खेत से कोई चकरोड नहीं छोड़ी गई है। आरोप है कि युसुफ जबरदस्ती और दबंगई के बल पर पीड़िता की निजी चकरोड का उपयोग कर रहा है और अपने खेत की मिट्टी उठाकर उक्त चकरोड पर डालकर उसे अपने खेत में मिलाने का प्रयास कर रहा है। पीड़िता के अनुसार, जब उसने इसका विरोध किया तो आरोपी ने गाली-गलौच करते हुए चकरोड का इस्तेमाल जारी रखने की बात कही और अपने हिस्से से चकरोड देने से साफ इंकार कर दिया। इतना ही नहीं, आरोपी द्वारा पीड़िता और उसके बच्चों को जान से मारने की धमकी भी दी गई, जिससे पीड़िता भयभीत है। इस कथित कब्जे के कारण पीड़िता के खेत का रकबा भी लगातार कम होता जा रहा है। बिलकिश ने यह भी आरोप लगाया कि उन्होंने पूर्व में कई बार उच्च अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिए, लेकिन तहसील जानसठ के कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत के चलते कोई कार्रवाई नहीं की गई। पीड़िता का कहना है कि आरोपी व्यक्ति राजनीतिक रूप से प्रभावशाली है, जबकि वह स्वयं अत्यंत गरीब और असहाय महिला है, जिससे भविष्य में किसी अप्रिय घटना की आशंका बनी हुई है। पीड़िता ने जिलाधिकारी से मांग की है कि उप जिलाधिकारी जानसठ को निर्देशित कर तहसीलदार, संबंधित लेखपाल एवं कानूनगो को तत्काल मौके पर भेजा जाए, ताकि उसकी निजी चकरोड पर हो रहे कब्जे को रोका जा सके और आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।






