मुजफ्फरनगर। इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति कृष्ण पहल ने कहा कि संविधान राष्ट्रीय जीवन की आत्मा है। उसी के बदौलत हम सब स्वतंत्र है। इस दौरान उन्होंने सिविल बार संघ परिसर में महिला अधिवक्ता के काॅमन कक्ष का फीता काटकर उद्घाटन किया। न्यायमूर्ति कृष्ण पहल शनिवार को अधिवक्ता परिषद ब्रज द्वारा सिविल बार एसोसिएशन के संयुक्त तत्वाधान में संविधान दिवस के अवसर पर संविधान का अमृत काल विषय पर आयोजित गोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे। इससे पहले न्यायमूर्ति कृष्ण पहल का स्वागत किया गया। न्यायमूर्ति कृष्ण पहल ने दीप प्रज्जवलित कर गोष्ठी का शुभारंभ किया। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण की चेयरमैन आदेश नैन, अधिवक्ता परिषद के अध्यक्ष विजय कमार त्यागी, महामंत्री सलेक चंद, सुनील मित्तल, राज सिंह रावत, डीजीसी सिविल गौरव गोयल, अरुण शर्मा, निर्मल मित्तल, ठाकुर भूपेंद्र सिंह, बालकृष्ण शर्मा, विष्णु गर्ग कोषाध्यक्ष, बार संघ के सचिव चंद्रवीर सिंह निर्वाल, सुरेन्द्र मलिक, सतेन्द्र सिंह, कुलदीप पंडित, प्रमोद कुमार, सुभाष चंद गुप्ता आदि इस दौरान मौजूद रहे। गोष्ठी का संचालन दीपाशा गौतम और ललिता रानी ने संयुक्त रूप से किया।







