मुजफ्फरनगर। वेस्ट यूपी में रहस्मयी ड्रोन के खेल के बीच मुजफ्फरनगर की ककरौली पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए दो शातिरों को गिरफ्तार किया है। आरोपी कबूतरों के गले में लाइट का खिलौना डालकर रात के अंधेरे मे दहशत फैलाने का काम कर रहे थे। एसएसपी ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ रासुका के तहत कार्यवाही की जाएगी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय वर्मा ने पुलिस अधीक्षक देहात आदित्य बंसल के साथ बुधवार को ड्रोन के नाम पर रची जा रही साजिश का भंडाफोड़ किया है। उन्होंने बताया कि जिले के कई गांवों में ड्रोन दिखने की खबरें मिल रही थी, जिसके बाद पुलिस को अलर्ट किया गया। ककरौली पुलिस को 29 जुलाई की रात को लाल और हरी लाइट जलता हुआ ड्रोन दिखाई देने की सूचना मिली। पुलिस ने ड्रोन का पीछा किया तो कबूतर को पकड़ा गया। जांच में पता चला कि कबूतर के गले और पैर में लाल और हरी लाइट बंधी हुई है। साक्ष्यों के आधार पर जटवाड़ा के सुएब और शाकिब को पकड़ा गया। शाकिब के पास से दूसरा कबूतर भी पकड़ा गया, जिसकी गर्दन और पैरों में लाइट बंधी हुई थी। एसएसपी ने बताया कि पूछताछ में पता चला कि गांव में ड्रोन की अफवाह फैलाने के लिए यह साजिश रची थी। शाकिब ने ये लाइट उपलब्ध कराई थी। मजाक मस्ती के लिए रात में उन्होंने गर्दन और पैर में लाइट बांधकर कबूतर उड़ा दिए, जिससे दहशत का माहौल पैदा हुआ। इनके पास से दो कबूतर, पिंजरा और 3 लाइट बरामद हुई। उन्होंने लोगों से अफवाहों में न आने की अपील की है। उन्होंने पुलिस टीम को 20 हजार रुपए का पुरस्कार देने की घोषणा की। हालांकि रात में कबूतर उड़ते हैं या नहीं, इस पर जरूर सवाल उठ रहे हैं।






