मुजफ्फरनगर। शारदीय नवरात्रों के पावन पर्व पर मंगलवार को दुर्गा अष्टमी के अवसर पर नगर भर में भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत संगम देखने को मिला। सुबह से ही शहर के मंदिरों और पूजा पंडालों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। माता रानी के जयकारों से पूरा नगर भक्तिमय वातावरण में डूब गया।
गांधी कॉलोनी स्थित वैष्णो माता मंदिर में अष्टमी पर विशेष आकर्षण देखने को मिला। यहां सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों ने माता रानी के दरबार में हवन, पूजन और आरती कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और मंगलकामना की। मंदिर प्रांगण में हर तरफ आस्था और उत्साह का माहौल रहा।
नगर के विभिन्न हिस्सों में परंपरागत रूप से कन्या पूजन का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने नन्हीं-नन्हीं बालिकाओं को देवी का स्वरूप मानकर उन्हें विधि-विधान से पूजित किया। पूजा के बाद उन्हें भोजन, प्रसाद एवं उपहार भेंट किए गए। इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने कन्याओं का आशीर्वाद लेकर अपने जीवन में शांति, समृद्धि और सुख की कामना की। पूरे दिन मंदिरों और देवी पंडालों में धार्मिक आयोजन होते रहे। भक्तजन ढोल-नगाड़ों की गूंज और भजन-कीर्तन में शामिल होकर भक्ति रस में डूबे नजर आए। अष्टमी के पर्व पर नगर भर में साफ-सफाई, सजावट और भक्ति भावना का विशेष नजारा दिखाई दिया।दुर्गा अष्टमी के इस पर्व ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि आस्था, परंपरा और संस्कृति समाज को एकता और श्रद्धा के सूत्र में जोड़ती है।
इसी क्रम में बिलासपुर क्षेत्र में भी माता रानी के मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना आयोजित की गई। भक्तों ने देवी माँ को श्रृंगार व भोग अर्पित किया और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। अष्टमी के अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिरों में पहुँचे और माता रानी के चरणों में नतमस्तक होकर आशीर्वाद प्राप्त किया। भक्तों ने नन्हीं-नन्हीं कन्याओं को देवी का स्वरूप मानकर पूजित किया। उन्हें भोजन, प्रसाद और उपहार भेंट किए गए। श्रद्धालुओं का मानना है कि कन्या पूजन से नवरात्रि व्रत पूर्ण होता है और माँ दुर्गा की विशेष कृपा प्राप्त होती है। दुर्गा अष्टमी पर गाँवों में भक्ति और उत्साह का विशेष माहौल रहा। ढोल-नगाड़ों और भजन-कीर्तन की धुनों के बीच भक्तगण माँ दुर्गा की आराधना में लीन नजर आए।









